Battle of Çanakkale/Gallipoli Explained in Hindi

Dr. SajivaWorld HistoryLeave a Comment

Battle of Çanakkale/Gallipoli Explained in Hindi पिछले दिनों तुर्की का राष्ट्रपति रेसेप तैयब अर्दोगान (Recep Tayyip Erdogan) पाकिस्तान की संसद के संयुक्त अधिवेशन में गया और भाषण दिया. अपने भाषण में उसने कश्मीर पर पाकिस्तान का पक्ष लिया और कश्मीर में होने वाली घटनाओं की तुलना प्रथम विश्व युद्ध के समय Çanakkale  युद्ध (Battle of Çanakkale) से की. Çanakkale युद्ध … Read More

पश्चिम एशिया शान्ति योजना – West Asia Peace Plan

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West Asia Peace Plan Explained in Hindi पिछले दिनों अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने पश्चिम एशिया के लिए एक शान्ति योजना (West Asia Peace Plan) का अनावरण किया. इस योजना का उद्देश्य इजराइल और फिलिस्तीनियों के बीच स्थगित वार्ता को फिर से जीवित करना है. पश्चिम एशिया शान्ति योजना के मुख्य तत्त्व इसमें एक स्वतंत्र फिलिस्तीन देश के निर्माण तथा … Read More

ओस्लो समझौता – Oslo Accords Explained

Sansar LochanWorldLeave a Comment

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने घोषणा की है कि वे अगले सप्ताह पश्चिमी एशिया के लिए एक शांति योजना घोषित करेंगे. इस पर फिलिस्तीनियों ने धमकी दी है कि यदि ट्रम्प ऐसा करते हैं तो वे ओस्लो समझौते (Oslo Accords) से बाहर निकल जाएँगे. फिलिस्तीनियों की आशंकाएँ फिलिस्तीनियों की सबसे बड़ी चिंता यह है कि हो सकता है प्रस्तावित … Read More

होरमुज़ शान्ति वार्ता और होरमुज़ जलडमरूमध्य क्या है?

Sansar LochanWorldLeave a Comment

पिछले दिनों ईरान में होरमुज़ शान्ति वार्ता संपन्न हुई. इस वार्ता में ओमान और भारत समेत प्रमुख क्षेत्रीय देशों के अतिरिक्त अफगानिस्तान और चीन ने भी प्रतिभागिता की. होरमुज़ शान्ति वार्ता क्या है? यह एक पहल है जिसका नेतृत्व ईरान कर रहा है. इसका उद्देश्य होरमुज़ जलडमरूमध्य के विषय में सर्वमान्य निर्णय लेना है. ज्ञातव्य है कि इसी जलडमरूमध्य से … Read More

प्रोटेक्टिंग पॉवर की संकल्पना – 1961 और 1963 की वियना संधि

Sansar LochanWorldLeave a Comment

आज हम जानेंगे कि वैश्विक कूटनीति के सम्बन्ध प्रोटेक्टिंग पॉवर (Protecting Power) किसे कहते हैं और क्या है 1961 और 1963 की वियना संधि (Vienna Convention). पृष्ठभूमि अमेरिका द्वारा ईरान के मेजर जनरल कासिम सुलेमानी की हत्या की जाने के पश्चात् ईरान सरकार ने तेहरान में स्थित स्विट्ज़रलैंड के दूतावास में अपना विरोध पंजीकृत कर दिया है. पंजीकरण के लिए … Read More

अमेरिका और चीन के बीच व्यापार युद्ध – Trade War between US-China

Sansar LochanInternational Affairs, World2 Comments

अमेरिका-चीन के व्यापार के विभिन्न आयाम हैं और इसमें कई प्रकार की जटिलताएं विद्यमान हैं. इन जटिलताओं का व्यापक प्रभाव वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ता है जिसमें उभरते हुए बाजार एवं व्यापार असंतुलन भी शामिल हैं. इसके पीछे कारण यह है कि पिछले 25 सालों से चीन का दबदबा जगजाहिर है. अमेरिका और चीन के बीच व्यापारिक प्रतिस्पर्धा अब शीतयुद्ध में … Read More

यूरोपियन यूनियन (European Union) का विकास और उसके अंग

Babli GautamWorld History5 Comments

परिचय यूरोपियन यूनियन यूरोपीय देशों का राजनैतिक व आर्थिक संगठन है. इसका विकास विभिन्न स्तरों पर हुआ है अर्थात यूरोपीय संघ की स्थापना किसी एक समझौते या संधि द्वारा नहीं बल्कि विभिन्न संधिओं तथा उनमे संशोधन के बाद हुई है. इसके विकास में  “पेरिस की संधि (1951)”,”रोम की संधि (1957)”,”मास्त्रिच की संधि (1993)” तथा “लिस्बन की संधि (2009)” का महत्वपूर्ण … Read More

अजोव सागर का विवाद – Azov Sea Dispute Explained in Hindi

Sansar LochanInternational Affairs, World2 Comments

हाल ही में रूस ने विवादित अजोव सागर (Azov Sea) में यूक्रेन के तीन नौसैनिक जहाज़ों और 20 से अधिक जहाजकर्मियों को अपने आधिपत्य में ले लिया है और इस प्रकार एक बार फिर अजोव सागर को लेकर रूस और यूक्रेन के बीच की तनातनी सामने आ गयी है. आइये जानते हैं Azove Sea Dispute के बारे में. Azov Sea … Read More

कैस्पियन सागर से सम्बन्धित संधि – Caspian Sea Breakthrough Treaty

RuchiraWorld1 Comment

हाल ही में कैस्पियन सागर के पाँच तटवर्ती देशों – अज़रबेजान, ईरान, कजाखस्तान, रूस और तुर्कमेनिस्तान – ने कैस्पियन सागर के कानूनी दर्जे पर एक महत्त्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किये. पृष्ठभूमि 5 देशों ने सोवियत संघ के विघटन के बाद कैस्पियन सागर के कानूनी दर्जे को परिभाषित करने का प्रयास किया है ताकि नई ड्रिलिंग और पाइपलाइनों के लिए जल … Read More

Britain के European Union से बाहर जाने पर चर्चा: Brexit in Hindi

Sansar LochanInternational Affairs, World18 Comments

brexit

ब्रिटेन ने औपचारिक रूप से यूरोपीय संघ को त्याग दिया है और इस 28 सदस्यों वाले संघ से निकलने वाला वह पहला देश बन गया है. यह अलगाव 31 जनवरी, 2020 के 11 बजे रात (ग्रीनविच समय) से लागू हो गया है. चलिए जानते हैं Brexit के बारे में. संक्रमण काल Brexit की घोषणा का यह अर्थ नहीं कि ब्रिटेन … Read More