स्थायी विदेशी कार्यालय क्या है? Permanent Foreign Establishment in Hindi

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Profit Attribution to Permanent Establishment(PE) in India / विदेशी कम्पनियों के भारत में स्थित स्थायी कार्यालयों से होने वाली आय पर करारोपण भारत में स्थायी कार्यालय को लाभ-वितरण (Profit Attribution to Permanent Establishment – PE) के विषय में तैयार एक प्रतिवेदन पर केन्द्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने सभी हितधारकों से मंतव्य माँगा है. पृष्ठभूमि दोहरा कराधान निवारण समझौते (Double … Read More

[Sansar Editorial] रुपये में गिरावट (Falling Rupee) के कारण, प्रभाव और उठाये जाने योग्य कदम

Sansar LochanEconomics Notes, Sansar Editorial 2018, Sector of EconomyLeave a Comment

हाल ही में भारतीय रुपये के मूल्य में गिरावट आई और यह पहली बार 71 रु./डॉलर के स्तर से भी नीचे चला गया. इस पोस्ट के जरिये हम रुपये के मूल्य में इस गिरावट के कारण को जानने की कोशिश करेंगे और इससे भारतीय अर्थव्यवस्था पर क्या प्रभाव पड़ सकता है, यह भी जानेंगे. साथ-साथ यह भी चर्चा करेंगे कि … Read More

[Sansar Editorial] सागरमाला परियोजना – जलमार्ग विकास Project

RuchiraEconomics Notes, Govt. Schemes (Hindi), Sansar Editorial 2018, Sector of Economy1 Comment

सदियों से नदियों का प्रयोग माल और जन-परिवहन के लिए किया जाता रहा है. आज भी नदियों के जरिये भारी सामानों की ढुलाई सड़क या रेल के मुकाबले सस्ती और कम प्रदूषण फैलाने वाली होती है. एक सदी पहले तक गंगा नदी भी एक व्यस्त जलमार्ग थी. रेलवे के विकास के साथ इसका प्रयोग लगभग ख़त्म ही हो गया है. … Read More

CPI, WPI, IIP और GDP Deflator: Inflation के मापक in Hindi

Sansar LochanEconomics Notes, Sector of Economy24 Comments

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आज हम CPI, IIP, WPI और GDP Deflator के विषय में जानेंगे. ये तीनों tools का प्रयोग भारत (India) में inflation को नापने के लिए किया जाता है. भारत में महंगाई (inflation) को कैसे measure किया जाए? तीन प्रकार से:– WPI (थोकमूल्य सूचकांक) CPI (उपभोक्ता मूल्य सूचकांक) GDP Deflator सरकार राजकोषीय नीति बनाने के लिए, आर्थिक नीति बनाने किये इन … Read More