सिविल सेवकों की विशेषताएँ – Ethics Notes

RuchiraEthicsLeave a Comment

आधुनिक असैनिक कर्मचारियों की अनेक विशेषताएँ हैं, जिनमें ये मुख्य हैं—

Features of Modern Civil Servants

  • असैनिक सेवा में प्रशिक्षित, कुशल, स्थायी तथा बैतनिक अधिकारियों का एक पदाधिकारी वर्ग है. अन्य व्यवसायों में व्यस्त व्यक्तियों की ही तरह, असैनिक सेवा के पदाधिकारी प्रशासन के कार्यों में व्यस्त रहते हैं. उनका प्रमुख कार्य प्रशासन का कार्य करना ही है.
  • असैनिक सेवाओं का संगठन पदसोपान के आधार पर किया जाता है. इसका अर्थ यह हुआ कि उच्च अधिकारियों द्वारा निम्न अधिकारियों का पर्यवेक्षण किया जाता है. इस प्रकार, असैनिक सेवा उच्च एवं अधीनस्थ कर्मचारियों की एक अनुशासित और सुदृढ़ व्यवस्था है. अपने से उच्च अधिकारी की आज्ञाओं का पालन करना निम्न अधिकारी का कर्तव्य हो जाता है.
  • असैनिक सेवकों को राजनीतिक दृष्टि से तटस्थ रहना है चाहे शासन की बागडोर किसी भी राजनीतिक दल के हाथों में हो, उन्हें अपने कर्तव्यों का निर्वाह ईमानदारीपूर्वक करना है और उसके प्रति वफादार रहना है. शासनसत्ता बदल जाने पर भी उनके कर्तव्यों में किसी तरह का अंतर नहीं पड़ता है.
  • असैनिक सेवकों को निष्पक्ष भाव से राज्य की नीतियों को कार्यान्वित करना है.
  • असैनिक सेवकों के कार्यों की व्याख्या देश के कानून के अंतर्गत कर दी जाती है, अतः उन्हें उसकी सीमा में ही अपने कर्तव्यों का निर्वाह करना है.
  • असैनिक सेवकों को व्यक्तिगत लाभ के लिए नहीं, बल्कि संपूर्ण समाज के कल्याण के लिए कार्य करना होता है.
  • असैनिक कर्मचारी अपने कार्यों के लिए जनता के प्रतिनिधियों के प्रति उत्तरदायी होते हैं.

फाइनर ने असैनिक सेवा की विशेषताओं का वर्णन इन शब्दों में किया है, “असैनिक सेवा का अस्तित्व लाभोपार्जन के लिए नहीं होता है, अतः इसके सदस्यों की प्रेरणा, अंतिम आश्रय के रूप में, वेतन प्राप्त करने की होती है, खतरा मोल लेकर धन कमाने की नहीं.

दूसरा, असैनिक सेवा सार्वजनिक होती है, अतः उसके कार्यो की दृढ़ एवं सूक्ष्म जाँच की जाती है और उन्हें अस्वीकृत भी किया जा सकता है. इससे पुनः उनकी लोच और तत्परता सीमित हो जाती है.

तीसरा, असैनिक सेवाओं तथा मंत्रियों को निरंतर सेंसर की आलोचना का सामना करना होता है. इससे वे अफसरों के प्रति सतर्क एवं संबद्ध रहने के लिए प्रोत्साहन प्राप्त करते हैं. अंततः इनकी सेवाएँ व्यापक होती हैं.  यह स्थिति इसे इस बात के लिए बाध्य करती है कि वह अपने स्टाफ-संबंधों की ओर विशेष ध्यान रखें और उनमें पारस्परिक प्रेम के अभाव और विवाद को दूर करने के लिए सेवा की कोटि के संभावित खर्च पर व्यवहार की समानता उत्पन्न करें.”

Tags: Civil Servants, Civil Services, Features, Ethics Notes, GS Paper 4 in Hindi.

यह भी पढ़ें >

आधुनिक युग में असैनिक सेवाओं का महत्त्व

Leave a Reply

Your email address will not be published.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.